Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • दुनिया का सबसे बड़ा चिड़ियाघर कहां है? जानिए 1800 एकड़ में फैले इस विशाल जू की खासियत
    • रेलवे को बड़ी सौगात: कसारा-मनमाड, दिल्ली-अंबाला और बल्लारी-होसपेटे लाइन का विस्तार
    • वैलेंटाइन डे पर लास्ट मिनट पर करें ये प्लान, लखनऊ की इन जगहों पर बन जायेगा आपका दिन ख़ास
    • मैजेंटा लाइन विस्तार: 89 किमी की सबसे लंबी दिल्ली मेट्रो लाइन, 17 नए इंटरचेंज से बढ़ेगी कनेक्टिविटी
    • India Gate के पास छिपा है दिल्ली का इतिहास, ये 3 जगहें बना देंगी ट्रिप यादगार
    • Chhari Dhandh Wetland: कच्छ का छारी-ढंढ वेटलैंड बना रामसर साइट, 283 से ज्यादा पक्षियों का है बसेरा
    • सिंगापुर जाने वालों के लिए बड़ा अपडेट, 30 जनवरी से लागू हुआ नया नियम
    • गाजियाबाद घटना के बाद महिला आयोग सख्त, ऑनलाइन होमवर्क पर लगाई रोक  
    • About Us
    • Get In Touch
    Facebook X (Twitter) LinkedIn VKontakte
    Janta YojanaJanta Yojana
    Banner
    • HOME
    • ताज़ा खबरें
    • दुनिया
    • ग्राउंड रिपोर्ट
    • अंतराष्ट्रीय
    • मनोरंजन
    • बॉलीवुड
    • क्रिकेट
    • पेरिस ओलंपिक 2024
    Home » Bihar Ka Anokha Mandir: चमत्कार से भरपूर है बिहार का ये मंदिर, बलि की ऐसी प्रथा, सुन चौंक जाएंगे आप
    Tourism

    Bihar Ka Anokha Mandir: चमत्कार से भरपूर है बिहार का ये मंदिर, बलि की ऐसी प्रथा, सुन चौंक जाएंगे आप

    Janta YojanaBy Janta YojanaNovember 15, 2025No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email

    Mundeshwari Devi Temple In Bihar

    Mundeshwari Devi Temple In Bihar

    Mundeshwari Devi Temple In Bihar: बिहार इन दिनों चर्चाओं में है और इसकी वजह वहां चल रहा विधानसभा चुनाव है। बता दें कि बिहार राज्य भारत के उत्तर पूर्व में स्थित है, जो कई वजहों से प्रसिद्ध है। बिहार में घूमने-फिरने के साथ ही खाने पीने की भी बहुत सी चीजें मशहूर हैं, जिसका लुफ्त उठाने लोग देश के कोने कोने से आते हैं। वहीं आज हम आपको बिहार में मौजूद एक ऐसे प्राचीन मंदिर के बारे में बताने वाले हैं, जिसका चमत्कार आपके होश उड़ा देगा, जी हां! आइए फिर जानते हैं।

    बिहार में मौजूद है चमत्कारी मंदिर

    बिहार में घूमने के लिए कई जगहें हैं, जी हां! कई ऐसी ऐतिहासिक, धार्मिक और प्राकृतिक जगहें हैं, जहां दूर दूर से लोग आते हैं। वहीं बिहार में एक बेहद ही प्राचीन मंदिर है, कहा जाता है कि ये मंदिर दुनिया का सबसे पुराना मंदिर है, जिसका नाम मुंडेश्वरी मंदिर है।माता मुंडेश्वरी का मंदिर बिहार के जिले कैमूर में मुंडेश्वरी पहाड़ी (पवरा पहाड़ी) पर 608 फीट की ऊंचाई पर स्थित है, मुंडेश्वरी मंदिर 51 शक्तिपीठों में शामिल है।

    रहस्यों से भरपूर है माता मुंडेश्वरी का मंदिर

    बिहार में मौजूद माता मुंडेश्वरी का मंदिर कई रहस्यों से भरपूर है, मंदिर कैसे और कब बना इसके बारे में कुछ भी जानकारी नहीं है, लेकिन कहा जाता है कि शुंभ और निशुंभ दानव के सेनापति चंड और मुंड का वध माता ने यहीं पर किया था, माता से युद्ध के दौरान मुंड इसी पहाड़ियों में छिप गया था, लेकिन माता ने उसे ढूंढ कर इसी पहाड़ी पर उसका वध कर दिया था, तभी से उन्हें माता मुंडेश्वरी के नाम से जाना जाने लगा। मंदिर में माता मुंडेश्वरी प्राचीन प्रत्थरों की आकृति में वाराही के रूप में मौजूद हैं। इस मंदिर को शिव-शक्ति मंदिर भी कहा जाता है, क्योंकि इसमें माता शक्ति के अलावा भगवान शिव का अनोखा शिवलिंग है। जी हां! मंदिर के गर्भगृह में एक पंचमुखी शिवलिंग है, इसके बारे में भी बेहद रहस्यमयी कहानी है। जानकारी के मुताबिक यह शिवलिंग सूर्य की स्थिति के अनुसार अपना रंग बदलता रहता है, मतलब कि शिवलिंग दिन में कम से कम तीन बार अपना रंग बदलता है, हालांकि ऐसा कई होता है आज तक इसका पता नहीं चल पाया है। मंदिर के गर्भ में अभी भी कई रहस्य छिपे हुए हैं, जिसके बारे में कुछ भी पता नहीं है। मंदिर की पहाड़ी पर एक गुफा भी है,आ जिसे सुरक्षा की दृष्टि से बंद कर दिया गया है। बता दें कि माघ पंचमी से पूर्णिमा तक इस पहाड़ी पर एक मेला लगता है जिसमें दूर-दूर से भक्त आते हैं।

    किसी चमत्कार से कम नहीं यहां की बलि की प्रथा

    बिहार की मुंडेश्वरी मंदिर में अहिंसक बलि की एक अनूठी परंपरा है, जिसके बारे में जान आप यकीनन चौंक जाएंगे। बलि की प्रथा के लिए पुजारी देवी के सामने बकरे को लिटाते हैं और अक्षत, फूल और पानी डालकर मंत्रों का जाप करते हैं। इसके बाद बकरा अचेत होकर गिर जाता है, जिसे ही बलि माना जाता है। कुछ देर बाद पुजारी फिर से अक्षत, फूल और पानी बकरे पर डालते हैं और बकरा खुद होश में आ जाता है और खड़ा हो जाता है। मुंडेश्वरी मंदिर में बलि की इस प्रथा में रक्त नहीं बहता है, अहिंसक तरह से बलि दी जाती है, भक्तों का मानना है कि बलि से उनकी सारी इच्छाएं पूरी हो जाती हैं। इस तरह की बलि प्रथा को चमत्कार माना जाता है, जिससे मंदिर के प्रति लोगों की आस्था काफी बढ़ गई है।

    मंदिर तक कैसे पहुंचें

    मुंडेश्वरी मंदिर भभुआ मुख्यालय से 14 किलोमीटर दूर भगवानपुर ब्लॉक के रामपुर पंचायत में पवरा पहाड़ी पर स्थित है। मंदिर तक पहुंचने के दो रास्ते हैं, पहला एक 450 सीढ़ियों वाला सीधा मार्ग है और दूसरा घुमावदार मार्ग, जिस पर टू-व्हीलर और छोटे वाहन भी जा सकते हैं। मंदिर तक जाने के लिए एक सड़क का निर्माण कराया कुछ साल पहले ही किया गया है, जिस पर छोटे वाहन सीधे मंदिर द्वार तक जा सकते हैं, हालांकि वहां से भी करीब 51 सीढ़ियां चढ़नी पड़ेगी।

    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email
    Previous ArticleTree Woman Thimmakka: 114 साल की पर्यावरण संरक्षक ने छोड़ी 8,000 पेड़ों की विरासत
    Next Article Pongola River mei Kayaking: आइए जाने दक्षिण अफ्रीका के जंगलों में एक यादगार सफर के बारे में
    Janta Yojana

    Janta Yojana is a Leading News Website Reporting All The Central Government & State Government New & Old Schemes.

    Related Posts

    दुनिया का सबसे बड़ा चिड़ियाघर कहां है? जानिए 1800 एकड़ में फैले इस विशाल जू की खासियत

    February 14, 2026

    रेलवे को बड़ी सौगात: कसारा-मनमाड, दिल्ली-अंबाला और बल्लारी-होसपेटे लाइन का विस्तार

    February 14, 2026

    वैलेंटाइन डे पर लास्ट मिनट पर करें ये प्लान, लखनऊ की इन जगहों पर बन जायेगा आपका दिन ख़ास

    February 13, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    ग्रामीण भारत

    गांवों तक आधारभूत संरचनाओं को मज़बूत करने की जरूरत

    December 26, 2024

    बिहार में “हर घर शौचालय’ का लक्ष्य अभी नहीं हुआ है पूरा

    November 19, 2024

    क्यों किसानों के लिए पशुपालन बोझ बनता जा रहा है?

    August 2, 2024

    स्वच्छ भारत के नक़्शे में क्यों नज़र नहीं आती स्लम बस्तियां?

    July 20, 2024

    शहर भी तरस रहा है पानी के लिए

    June 25, 2024
    • Facebook
    • Twitter
    • Instagram
    • Pinterest
    ग्राउंड रिपोर्ट

    मूंग की फसल पर लगा रसायनिक होने का दाग एमपी के किसानों के लिए बनेगा मुसीबत?

    June 22, 2025

    केरल की जमींदार बेटी से छिंदवाड़ा की मदर टेरेसा तक: दयाबाई की कहानी

    June 12, 2025

    जाल में उलझा जीवन: बदहाली, बेरोज़गारी और पहचान के संकट से जूझता फाका

    June 2, 2025

    धूल में दबी जिंदगियां: पन्ना की सिलिकोसिस त्रासदी और जूझते मज़दूर

    May 31, 2025

    मध्य प्रदेश में वनग्रामों को कब मिलेगी कागज़ों की कै़द से आज़ादी?

    May 25, 2025
    About
    About

    Janta Yojana is a Leading News Website Reporting All The Central Government & State Government New & Old Schemes.

    We're social, connect with us:

    Facebook X (Twitter) Pinterest LinkedIn VKontakte
    अंतराष्ट्रीय

    पाकिस्तान में भीख मांगना बना व्यवसाय, भिखारियों के पास हवेली, स्वीमिंग पुल और SUV, जानें कैसे चलता है ये कारोबार

    May 20, 2025

    गाजा में इजरायल का सबसे बड़ा ऑपरेशन, 1 दिन में 151 की मौत, अस्पतालों में फंसे कई

    May 19, 2025

    गाजा पट्टी में तत्काल और स्थायी युद्धविराम का किया आग्रह, फिलिस्तीन और मिस्र की इजरायल से अपील

    May 18, 2025
    एजुकेशन

    गाजियाबाद घटना के बाद महिला आयोग सख्त, ऑनलाइन होमवर्क पर लगाई रोक  

    February 7, 2026

    एग्जाम सेंटर पर रही अनुपस्थित, फिर भी बनी राज्य टॉपर, अब मिली 5 साल जेल की सजा

    February 2, 2026

    लाखों उम्मीदवारों का इंतजार खत्म, IIM कोझिकोड ने घोषित किए CAT 2025 के नतीजे

    December 24, 2025
    Copyright © 2017. Janta Yojana
    • Home
    • Privacy Policy
    • About Us
    • Disclaimer
    • Feedback & Complaint
    • Terms & Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.